शिवसेना (UBT) सांसद का तीखा हमला: ‘जय श्री राम बोलना और भ्रष्टाचार करना देश का दुर्भाग्य’
शिवसेना (UBT) सांसद अरविंद सावंत ने राम मंदिर चंदे में गड़बड़ी के आरोपों पर न्याय व्यवस्था और SIT पर सवाल उठाते हुए कहा कि ‘जय श्री राम’ बोलकर भ्रष्टाचार करने वालों के मुंह पर रामलला ने खुद तमाचा मारा है
उत्तर प्रदेश: अयोध्या राम मंदिर के कथित चंदे में गड़बड़ी के मामले पर सियासी बयानबाजी लगातार तेज होती जा रही है, और इसी कड़ी में शिवसेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे) के सांसद अरविंद सावंत ने सरकार और देश की व्यवस्था पर बेहद तीखा हमला बोला है।
उन्होंने देश की मौजूदा स्थिति पर गहरी चिंता जताते हुए कहा कि इस देश का सबसे बड़ा दुर्भाग्य यह है कि यहाँ की न्याय व्यवस्था गुलाम हो चुकी है।
सावंत ने सवाल उठाया कि जब संविधान की रक्षा करने की जिम्मेदारी न्याय व्यवस्था की है, तो क्या वह अपना काम ईमानदारी से कर पा रही है।
उन्होंने आगे आरोप लगाया कि यहाँ तक कि सुप्रीम कोर्ट भी अपना दायित्व सही तरीके से नहीं निभा रहा है और वे गुलाम बनकर बैठे हैं।
विशेष जांच दल (SIT) की निष्पक्षता पर भी गंभीर सवाल खड़े करते हुए अरविंद सावंत ने कहा कि क्या वाकई इन एसआईटी (SIT) जांचों पर भरोसा किया जा सकता है।
इसे भी पढ़ें: उतरौला में अखिल भारतीय मुशायरा: उमड़ा जनसैलाब, नेता प्रतिपक्ष माता प्रसाद पांडेय रहे मुख्य अतिथि
उन्होंने दावा किया कि एसआईटी स्वतंत्र रूप से काम नहीं करती, बल्कि वही तय और साबित करती है जो उसे ऊपर से इशारा करके बताया जाता है।
सरकार और संबंधित लोगों पर भ्रष्टाचार का आरोप लगाते हुए उन्होंने आगे कहा कि ये लोग एक तरफ ‘जय श्री राम’ का नारा लगाते हैं और दूसरी तरफ भ्रष्टाचार में लिप्त रहते हैं।
अंत में उन्होंने धार्मिक संदर्भ देते हुए कहा कि अच्छा हुआ कि इस मामले में खुद रामलला ने न्याय किया और ऐसा काम करने वालों के मुंह पर एक करारा तमाचा मारा है।
#WATCH यवतमाल, महाराष्ट्र: अयोध्या राम मंदिर के कथित चंदे में गड़बड़ी के मामले पर शिवसेना (UBT) के सांसद अरविंद सावंत ने कहा, “इस देश का सबसे बड़ा दुर्भाग्य यह है कि देश में न्याय व्यवस्था गुलाम है। संविधान की रक्षा कौन कर सकता है? न्याय व्यवस्था करती है। लेकिन क्या यह अपना काम… pic.twitter.com/8YllXhjEhN
— ANI_HindiNews (@AHindinews) June 27, 2026
https://platform.x.com/widgets.js
Discover more from
Subscribe to get the latest posts sent to your email.
