यूपी में ओवैसी का बड़ा एलान: ‘भाजपा को हराने के लिए गठबंधन को तैयार’

यूपी में ओवैसी का बड़ा एलान: ‘भाजपा को हराने के लिए गठबंधन को तैयार’

सहारनपुर में सांसद असदुद्दीन ओवैसी ने भाजपा को हराने के लिए गठबंधन की तैयारी जताते हुए विपक्षी दलों पर निशाना साधा और राम मंदिर चढ़ावा चोरी व जौहर विश्वविद्यालय के मुद्दों पर सरकार को घेरा

सहारनपुर: ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (एआईएमआईएम) प्रमुख और सांसद असदुद्दीन ओवैसी ने शनिवार को चिलकाना रोड पर आयोजित एक विशाल जनसभा को संबोधित करते हुए विपक्षी दलों और सरकार पर जमकर निशाना साधा।

ओवैसी ने खुद पर और अपनी पार्टी पर लगने वाले सांप्रदायिकता के आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि वे कभी किसी समुदाय के खिलाफ नहीं रहे हैं, बल्कि जुल्म के खिलाफ आवाज उठाते हैं।

उन्होंने खुद को फिरकापरस्त नहीं बल्कि इंसाफ परस्त बताते हुए कहा कि वे भाजपा को रोकने के लिए अन्य राजनीतिक दलों से गठबंधन करने के लिए तैयार हैं।

जनसभा से पहले मीडिया से बातचीत में उन्होंने शिक्षा का मुद्दा उठाते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश में 19-20 फीसदी मुस्लिम आबादी में से मात्र साढ़े तीन फीसदी ही स्नातक कर पाते हैं।

उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार नहीं चाहती कि मुस्लिम समाज पढ़े, इसी वजह से जौहर विश्वविद्यालय को निशाना बनाया जा रहा है, जिससे तीन हजार छात्रों का भविष्य दांव पर लगा है।

अपने संबोधन में ओवैसी ने भाजपा, कांग्रेस और सपा तीनों दलों को आड़े हाथों लिया। उन्होंने कहा कि प्रदेश की सत्ता में सबसे ज्यादा समय तक रहने वाली कांग्रेस के बावजूद उनके समाज में सबसे अधिक बेरोजगारी है।

सहारनपुर के लकड़ी नक्काशी उद्योग का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि यह काम भी अब यहां से छिनकर जयपुर चला गया है।

ओवैसी ने कलेक्ट्रेट परिसर स्थित मस्जिद के मुद्दे पर सरकार को घेरते हुए कहा कि यह मस्जिद 1955 से उत्तर प्रदेश सुन्नी वक्फ बोर्ड में पंजीकृत है और सुप्रीम कोर्ट के ‘वक्फ बाय यूजर’ सिद्धांत के तहत संरक्षित होने के बावजूद इसे तोड़ने का नोटिस दिया जा रहा है, जो कि सरासर जुल्म है।

उन्होंने राम मंदिर के संदर्भ में मुख्यमंत्री पर भी तीखा हमला बोला और कहा कि आपकी नाक के नीचे चोरी हो गई, वहां जो स्कैनर लगना था वह आस्था के लिए नहीं बल्कि लूट के लिए लगाया गया था।

सांसद ओवैसी को सुनने के लिए चिलकाना रोड पर समर्थकों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी थी।

शाम चार बजे से ही लोग जुटने लगे थे और ओवैसी के मंच पर पहुंचते ही कार्यकर्ताओं ने मोबाइल की टॉर्च जलाकर उनका स्वागत किया।

उत्साह का आलम यह था कि कुछ समर्थक पेड़ों पर चढ़ गए और मंच पर भारी भीड़ जमा होने के कारण माइक भी टूट गया, जिससे कुछ देर के लिए अव्यवस्था फैल गई।

भीड़ को बेकाबू होता देख पुलिस को हल्का बल प्रयोग कर स्थिति को संभालना पड़ा, जिसके बाद दूसरे माइक का इंतजाम कर संबोधन शुरू हो सका।

जनसभा समाप्त होने के बाद चिलकाना रोड पर भीषण जाम लग गया, जिसे खुलवाने के लिए पुलिस को देर रात तक कड़ी मशक्कत करनी पड़ी।


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Mehak B