राम मंदिर चंदा चोरी: प्रियंका गांधी का सवाल क्या बड़े लोग भी शामिल?

राम मंदिर चंदा चोरी: प्रियंका गांधी का सवाल क्या बड़े लोग भी शामिल?

कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी ने राम मंदिर चंदा चोरी मामले में पारदर्शी जांच की मांग करते हुए सवाल उठाया है कि क्या इस हेराफेरी में निचले कर्मचारियों के साथ ताकतवर लोग भी शामिल हैं

 

अयोध्या: राम मंदिर चंदा चोरी का मामला इन दिनों सुर्खियों में बना हुआ है, जिसमें एफआईआर दर्ज होने और आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद कई बड़े खुलासे हो रहे हैं। इसी कड़ी में कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी वाड्रा ने इस मुद्दे को लेकर सरकार पर तीखा हमला बोला है।

उन्होंने मांग की है कि राम मंदिर के लिए मिले चंदे की जांच के नाम पर मामले को दबाने के बजाय इसकी पूरी तरह से पारदर्शी जांच होनी चाहिए और इसमें शामिल सभी लोगों को कड़ी सजा मिलनी चाहिए।

प्रियंका गांधी ने सवाल उठाया कि क्या निचले स्तर के कर्मचारी अकेले ही सीसीटीवी कैमरे बंद कर सकते हैं और क्या वे हजारों करोड़ रुपये के चढ़ावे की हेराफेरी करने में सक्षम हैं।

उन्होंने सोशल मीडिया पर लिखा कि भगवान राम करोड़ों भक्तों की पवित्र भावनाओं में बसते हैं और उनके भक्तों की आस्था के साथ की गई इस चोरी व लूट से पूरा देश स्तब्ध है। उन्होंने यह भी पूछा कि क्या इस हेराफेरी में कुछ ताकतवर लोगों की मिलीभगत है।

इस बीच, राम मंदिर चंदे में कथित हेराफेरी के आरोप में गिरफ्तार किए गए सभी 8 आरोपियों को शुक्रवार को 29 जून तक के लिए न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है।

इस पूरे मामले को लेकर भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) और विपक्ष के बीच आरोप-प्रत्यारोप का दौर जारी है और राजनीति गरमाई हुई है। दूसरी ओर, एफआईआर दर्ज होने के बाद श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव पद से चंपत राय के इस्तीफे की खबरों पर विश्व हिंदू परिषद (वीएचपी) ने भी अपनी प्रतिक्रिया दी है।

वीएचपी, जिसके चंपत राय उपाध्यक्ष भी हैं, का कहना है कि उसे इस तरह के किसी भी इस्तीफे के बारे में कोई आधिकारिक जानकारी नहीं है।


Discover more from

Subscribe to get the latest posts sent to your email.

Sanjana Kumari

संजना कुमारी: रियल-टाइम खबरों पर मजबूत पकड़ रखने वाली डिजिटल कंटेंट क्रिएटर और पत्रकार, जो सामाजिक-राजनीतिक, क्षेत्रीय और सांस्कृतिक घटनाक्रमों को डिजिटल दर्शकों के लिए सटीक व आकर्षक बनाती हैं