केंद्रीय गृह राज्य मंत्री बंदी संजय कुमार के बेटे की मुश्किलें बढ़ीं, यौन शोषण का है आरोप

केंद्रीय गृह राज्य मंत्री बंदी संजय कुमार के बेटे की मुश्किलें बढ़ीं, यौन शोषण का है आरोप

हैदराबाद। केंद्रीय गृह राज्य मंत्री बंदी संजय कुमार के बेटे बंदी भगीरथ साई की मुश्किलें लगातार बढ़ती जा रही हैं। एक नाबालिग लड़की के साथ यौन उत्पीड़न और सोशल मीडिया पर अभद्र व्यवहार के आरोपों में उनके खिलाफ हैदराबाद के पेट बशीरराबाद थाने में पॉक्सो (POCSO) एक्ट और भारतीय न्याय संहिता (BNS) की गंभीर धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है।

इस संवेदनशील मामले में तेलंगाना सरकार ने जांच के लिए एक विशेष जांच दल (SIT) का भी गठन किया है।

वहीं, कानूनी राहत पाने के लिए बंदी भगीरथ द्वारा तेलंगाना हाईकोर्ट में दायर की गई अंतरिम अग्रिम जमानत याचिका पर अदालत ने फिलहाल कोई भी राहत देने से इंकार करते हुए अदालत ने इस चरण में उन्हें किसी भी तरह का अंतरिम संरक्षण देने से साफ इंकार कर दिया।

मामले की सुनवाई कर रही जस्टिस टी माधवी देवी ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद अग्रिम जमानत की याचिका को वेकेशन कोर्ट के पास भेज दिया है।

पीड़ित नाबालिग लड़की की मां द्वारा दर्ज कराई गई शिकायत के अनुसार, बंदी भगीरथ पिछले 7-8 महीनों से उनकी बेटी के साथ संपर्क में था और उसने शादी का झांसा देकर लड़की का शारीरिक और मानसिक उत्पीड़न किया।

आरोप है कि भगीरथ ने लड़की को जबरन शराब पीने के लिए मजबूर किया और उसके साथ गलत हरकतें कीं। इस रिश्ते के टूटने के बाद मानसिक तनाव में आकर लड़की ने खुद को नुकसान पहुंचाने की कोशिश भी की थी। दूसरी तरफ, बंदी भगीरथ और उनके वकीलों ने इन आरोपों को सिरे से खारिज किया है।

उनका दावा है कि यह पूरा मामला ‘हनी ट्रैप’ और उगाही की एक सोची-समझी साजिश है। भगीरथ ने करीमनगर पुलिस में शिकायत दर्ज कराई है कि लड़की के परिवार ने उन पर शादी का दबाव बनाया और शादी से इनकार करने पर झूठे केस में फंसाने की धमकी देकर 5 करोड़ रुपये की रंगदारी मांगी।

इस मामले ने अब बड़ा राजनीतिक रूप ले लिया है, जिससे केंद्रीय मंत्री बंदी संजय कुमार की मुश्किलें भी बढ़ गई हैं। विपक्ष ने इस मुद्दे पर केंद्र सरकार को घेरना शुरू कर दिया है। तेलंगाना रक्षणा सेना (TRS) की प्रमुख के कविता ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर बंदी संजय कुमार को गृह राज्य मंत्री के पद से हटाने की मांग की है, ताकि गृह मंत्रालय के प्रभाव के बिना पुलिस इस मामले की निष्पक्ष और पारदर्शी जांच कर सके।

इस बीच, केंद्रीय मंत्री बंदी संजय कुमार ने हैदराबाद की सिटी सिविल कोर्ट में एक याचिका दायर कर उन सभी मीडिया चैनलों और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स को निर्देश देने की मांग की है जो इस मामले में उनका नाम उनके बेटे के साथ जोड़कर उनकी छवि धूमिल कर रहे हैं। इस पर कोर्ट ने एक आदेश जारी कर सभी डिजिटल प्लेटफॉर्म्स से ऐसी किसी भी सामग्री को हटाने का निर्देश दिया है जो केंद्रीय मंत्री को सीधे इस मामले से जोड़ती हो।

खुद बंदी संजय कुमार ने बयान दिया है कि वह अपने बेटे का बचाव नहीं कर रहे हैं और यदि कानून के सामने उनका बेटा दोषी पाया जाता है, तो उसे निश्चित रूप से सजा मिलनी चाहिए।

इस मामले ने अब राजनीतिक तूल पकड़ लिया है। तेलंगाना रक्षण सेना की अध्यक्ष के. कविता ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखा है। उन्होंने मांग की है कि मामले की निष्पक्ष जांच के लिए केंद्रीय गृह राज्य मंत्री बंदी संजय कुमार को तत्काल केंद्रीय मंत्रिमंडल से हटाया जाए।


Discover more from

Subscribe to get the latest posts sent to your email.

Raja Zaid

"राजा ज़ैद एक जाने-माने पत्रकार हैं। उन्हें देश के प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों के साथ राजनीति और सामायिक विषयो की कवरेज का 15 वर्षो से अधिक का अनुभव है।