अमेरिकी चुनाव परिणामों पर कांग्रेस नेता का तंज: उदारवादी सोच की हुई बड़ी जीत
नई दिल्ली (इंटरनेशनल डेस्क): अमेरिका में हुए मध्यावधि चुनावों में डेमोक्रेटिक पार्टी को मिली सफलता पर वरिष्ठ कांग्रेस नेता पी चिदंबरम ने शुक्रवार को अपनी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने इस चुनावी नतीजे को उदारवाद, धर्मनिरपेक्षता और सहनशीलता की एक बड़ी जीत बताया है।
चिदंबरम ने जोर देकर कहा कि इस परिणाम से उन सभी लोगों और देशों को एक बड़ा सबक सीखने की जरूरत है, जो दुनिया में एक स्वतंत्र और लोकतांत्रिक समाज के रूप में जीना चाहते हैं।
ध्रुवीकरण बनाम जनता की बुनियादी जरूरतें
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के लिए इन चुनावों को एक बड़ा झटका माना जा रहा है, क्योंकि मतदाताओं ने विपक्षी डेमोक्रेटिक पार्टी को अमेरिकी कांग्रेस के दोनों सदनों में नियंत्रण दिला दिया और कई अहम राज्यों में गवर्नर पद भी रिपब्लिकन पार्टी के हाथ से निकल गए।
इस पर पूर्व केंद्रीय मंत्री पी. चिदंबरम ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा कि चुनाव के दौरान अवैध प्रवास, एशियाई व लैटिन अमेरिकी लोगों के कथित अतिक्रमण और इस्लामोफोबिया जैसे मुद्दों पर काफी शोर मचाया गया था, जिससे महंगाई, बेरोजगारी, ईंधन की कीमतों और कानून-व्यवस्था जैसे आम मुद्दों के पीछे छूटने का खतरा था।
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उन्होंने आगे कहा कि आखिरकार उदारवाद, धर्मनिरपेक्षता और सहिष्णुता के साथ अमेरिका की बुनियादी लोकतांत्रिक समझ की जीत हुई है, जो एक स्वतंत्र और लोकतांत्रिक देश का नागरिक बनना चाहने वाले सभी लोगों के लिए एक सबक है।
चुनाव में ट्रंप की रिपब्लिकन पार्टी को टेक्सास, जॉर्जिया, आयोवा और ओहायो जैसे अपने मजबूत राज्यों में गवर्नर पद पर हार का सामना करना पड़ा, जबकि सीनेट चुनाव में भी पार्टी को टेक्सास, मेन, दक्षिण कैरोलिना, उत्तरी कैरोलिना, कंसास, आयोवा और ओहायो में शिकस्त झेलनी पड़ी।
चुनाव प्रचार के दौरान ट्रंप ने मतदाताओं से अपने नाम पर वोट देने की अपील की थी, लेकिन नतीजों के बाद दोनों सदनों पर रिपब्लिकन पार्टी का नियंत्रण खत्म हो गया, जिसकी मुख्य वजह ट्रंप की नीतियों, विशेषकर ईरान के साथ युद्ध और उससे बढ़ती महंगाई को लेकर जनता की नाराजगी को माना गया।
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