फर्जीवाड़े पर 14 ठिकानों पर जांच, ईडी छापे में ₹1.03 करोड़ कैश बरामद
नई दिल्ली: ED ने नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया के अलग-अलग टोल प्लाजा पर कथित टोल कलेक्शन फर्जीवाड़े की जांच टैक्स घोटाले में लखनऊ जोनल कार्यालय ने बुधवार को बड़ी कार्रवाई की है।
ED ने ईडी ने प्रिवेंशन ऑफ मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट (PMLA), 2002 की धारा 17 के तहत उत्तर प्रदेश के 7 राज्यों के 14 ठिकानों पर एक साथ छापेमारी की। यह कार्रवाई मनी लॉन्ड्रिंग कानून (PMLA) की धारा 17 के तहत की गई है।
ED की देशव्यापी छापेमारी
ED के ज़रिए ये छापेमारी उत्तर प्रदेश, राजस्थान, महाराष्ट्र, जम्मू, मध्य प्रदेश, राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र दिल्ली-एनसीआर कोलकाता में की जा रही है।
NHAI इस करवाई का मुख्य उद्देश्य कार्रवाई और टोल कलेक्शन में कथित अनियमितताओं से जुड़े डिजिटल और दस्तावेजी साक्ष्य जुटाना है।
एजेंसी यह पता लगा रही है कि इस फर्जीवाड़े से किसने फायदा उठाया और घोटाले का पैसा कहाँ छुपाया गया है।
इसे भी पढ़ें: प्रशांत किशोर बांकीपुर सीट से लड़ेंगे उपचुनाव, पहली बार चुनावी मैदान में उतरेंगे ‘पीके’
अवैध सॉफ्टवेयर से फर्जी टोल रसीदें बनाकर करोड़ों का घोटाला किया गया। यह पैसा सरकारी खाते में जमा न करके बाहर भेजा गया, जिसकी जांच मई 2025 से जारी है।
ईडी के मुताबिक, फोरेंसिक जांच और NHAI से प्राप्त रिकॉर्ड में इस तरह के सॉफ्टवेयर के इस्तेमाल की पुष्टि हुई है। इसके बाद एजेंसी ने मामले से जुड़े संभावित ठिकानों की पहचान कर एक साथ तलाशी की कार्रवाई शुरू की।
1.03 करोड़ रुपये औरफर्जी कागज दस्तावेज बरामद
ईडी की छापेमारी में अब तक 1.03 करोड़ रुपये नकद (कैश) मिले हैं।, जांच टीम को कई नकली और फर्जी कागज दस्तावेज मिले हैं।
डिजिटल डिवाइस बरामद किए गए हैं। एजेंसी इन बरामद सामग्रियों की जांच कर रही है। इससे घोटालेबाजों और उनके पूरे नेटवर्क का पर्दाफाश होने की उम्मीद है।
Discover more from
Subscribe to get the latest posts sent to your email.
