राम मंदिर चंदा चोरी मामले में RSS का माफ़ी मांगना एक बहुत बड़ा मजाक: कांग्रेस
नई दिल्ली। अयोध्या स्थित राम मंदिर में चढ़ावे और चंदे की कथित हेराफेरी (चंदा चोरी) को लेकर छिड़ा राजनीतिक घमासान अब और तेज हो गया है। देहरादून में आयोजित एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान वेणुगोपाल ने इस मुद्दे पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की चुप्पी पर भी सवाल उठाए।
कांग्रेस के संगठन महासचिव के. सी. वेणुगोपाल ने राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) और केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने आरोप लगाया कि इस महाघोटाले के लिए सीधे तौर पर RSS ही जिम्मेदार है।
“RSS का माफ़ी मांगना एक बहुत बड़ा मज़ाक है”
आरएसएस (RSS) की ओर से हाल ही में आए बयानों पर तंज कसते हुए कांग्रेस नेता ने कहा, “यह बहुत बड़ा मज़ाक है कि राम मंदिर चंदे की चोरी के मामले में RSS माफ़ी मांग रहा है। जो लोग इस चोरी के लिए ज़िम्मेदार हैं, वही माफ़ी मांग रहे हैं। इसका क्या मतलब है? इसके लिए RSS ही ज़िम्मेदार है।”
उन्होंने आगे कहा कि चंदे और चढ़ावे की यह हेराफेरी सिर्फ अयोध्या तक ही सीमित नहीं है। उन्होंने दावा किया कि “चोरी सिर्फ़ अयोध्या में ही नहीं बल्कि उत्तराखंड के प्रसिद्ध धाम बद्रीनाथ और केदारनाथ में भी हुई है।”
सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में जांच की मांग
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कांग्रेस नेता ने उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा गठित विशेष जांच टीम (SIT) की विश्वसनीयता को नकारते हुए इसे ‘आईवाश’ (दिखावा) करार दिया। उन्होंने मांग की कि इस पूरे ‘चंदा चोरी मेगा स्कैंडल’ के पीछे छिपे बड़े मगरमच्छों को बेनकाब करने के लिए निष्पक्ष जांच जरूरी है।
वेणुगोपाल ने कहा, “सरकार को तुरंत सुप्रीम कोर्ट (उच्चतम न्यायालय) की देखरेख में एक स्वतंत्र जांच कमेटी का गठन करना चाहिए। हमारी साफ मांग है कि इस पवित्र चंदे की चोरी के लिए जो भी लोग जिम्मेदार हैं, उन्हें तुरंत सलाखों के पीछे (जेल) भेजा जाना चाहिए।”
करोड़ों हिंदुओं की आस्था के साथ विश्वासघात
कांग्रेस महासचिव ने पहले भी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को इस संबंध में एक पत्र लिखा था, जिसमें उन्होंने इसे ‘संस्थागत विफलता’ और करोड़ों रामभक्तों की आस्था के साथ एक बड़ा विश्वासघात बताया था। कांग्रेस का आरोप है कि इस घोटाले में सीधे तौर पर संघ परिवार और ट्रस्ट से जुड़े लोगों को बचाने की कोशिश की जा रही है, यही वजह है कि सरकार स्वतंत्र जांच से पीछे हट रही है।
इस बड़े बयान के बाद उत्तराखंड और उत्तर प्रदेश सहित पूरे देश की राजनीति गरमा गई है, और भाजपा तथा विश्व हिंदू परिषद (VHP) की ओर से भी इस पर लगातार पलटवार किए जा रहे हैं।
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